Monday, 1 May 2017

Adi Shankaracharya Anmol Upadesh Quotes in Hindi / आदि शंकराचार्य के अनमोल उपदेश

आदि शंकराचार्य के अनमोल उपदेश 

अद्वैत वेदांत के प्रणेता, हिन्दू धर्म के प्रचारक आदि गुरु शंकराचार्य जी इनका जन्म केरल के कालडी़ नामक ग्राम मे एक ब्राहमण परिवार में हुआ था. वैशाख शुक्ल पंचमी तिथि ई. सन् ७८८ को तथा मोक्ष ई. सन् ८२० को स्मार्त संप्रदाय में आदि शंकराचार्य को शिव का अवतार माना जाता है. गुरु शंकराचार्य मात्र आठ वर्ष की आयु में चारों वेदों के ज्ञाता हो गए, और १३ वर्ष की आयु में समस्त शास्त्रों का उन्हें ज्ञान हो गया था. "गुरु शंकराचार्य  के बारे  में कहा गया है की 
"अष्टवर्षेचतुर्वेदी, द्वादशेसर्वशास्त्रवित् षोडशेकृतवान्भाष्यम्द्वात्रिंशेमुनिरभ्यगात्"
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Adi Shankaracharya Anmol Upadesh Quotes in Hindi

भारतीय संस्कृति के विकास में आद्य शंकराचार्य का विशेष योगदान रहा है. भारतवर्ष  में  सनातन परम्परा के संदेशो को लोगो तक पहुचाया और इस परम्परा को आगे बढाया गुरु जी ने इसी क्रम में सनातन धर्म की रक्षा हेतु भारत के चार कोनों में मठ की स्थापना भी की.  जिनके नाम इस तरह से हैं 
  1.  ज्योतिर्मठ,  
  2.  श्रृंगेरी मठ,  
  3.  गोवर्द्धन मठ   
  4.  शारदा मठ  
इन मठों की स्थापना के साथ साथ शंकराचार्य पद की भी  स्थापना की और उन पदों पर अपने चार प्रमुख शिष्यों को आसीन किया.. और इसी के साथ गुरु जी ने बारह  ज्योतिर्लिंगों की स्थापना की. गुरु शंकराचार्य का हमारे देश के लिए किया गया योगदान अमूल्य है. और ज्यादा जानकारी के लिए यहाँ  Click Kare 
दोस्तों आईये पढ़ते हैं इस आर्टिकल के द्वारा आदि शंकराचार्य जी द्वारा दिया गए अनमोल उपदेशो को 

 जिस तरह एक प्रज्वलित दिपक को  चमकने के लिए,
  दूसरे दीपक की ज़रुरत नहीं होती है..
  उसी तरह आत्मा जो खुद ज्ञान स्वरूप है,
 उसे और क़िसी ज्ञान कि आवश्यकता नही होती है, 
 अपने खुद के ज्ञान के लिए....


 Jis Tarah Ek Prajvalit Deepak Ko Chamakane Ke Liye, 
 Dusare Deepak Ki Jarurat Nahi Hoti,
 Usi Tarh Atma Jo Khud Gyan Svrup Hain,
 Aur Use Kisi Gyan Ki Aavshykta Nahi Hoti,
 Apane Khud Ke Gyan Ke Liye..
आदि शंकराचार्य के अनमोल उपदेश 

 जब मन में सच जानने की जिज्ञासा पैदा हो जाए,
 तो दुनिया की  चीज़े अर्थहीन लगती हैं..


 Jab Mann Me Sach Janane Ki Jigyasa Paida Ho Jaye,
 To Duniya Ki Chize, Arth Heen Lagati Hain....
Adi Shankaracharya Quotes in Hindi

 धर्म की किताबे पढ़ने का उस वक़्त तक कोई मतलब नहीं, 
 जब तक आप सच का पता न लगा पाए,
 उसी तरह से अगर आप सच जानते है तो धर्मग्रंथ पढ़ने कि कोइ  जरूरत नहीं हैं..


 Dharm Ki Kitab Padhane Ka Us Wakt Tak Koi Matalab Nahi,
 Jab Tak Aap Sach Ka Pata Naa Laga Paaye.
 Usi Tarah Se Agar Aap Sach janate Hain To,
 Dharm-Grnth Padhane Ki Koi Jarurat Nahi Hain..
गुरु आदि शंकराचार्य के अनमोल वचन 

 एक सच यह भी है की लोग आपको उसी वक़्त तक याद करते है,
 जब तक सांसें चलती हैं..
  सांसों के रुकते ही सबसे क़रीबी रिश्तेदार, दोस्त, 
 यहां तक की पत्नी भी दूर चली जाती है...


 Ek Sach Yah Bhi Hain Ki Log Aapko Usi Waqt Yaad Karate Hain.
 Jab Tak Sanse Chalati Hain.
 Sanson Ke Rukate Hi Sabase Kareebi Risgtedaar, Dost,
 Yaha Tak Ki Patni Bhi Dur Chali Jati Hain..


 सत्य की परिभाषा क्या है ? 
 सत्य की इतनी ही परिभाषा है की जो सदा था, जो सदा है और जो सदा  रहेगा..


 Satya Ki Paribhasha Kya Hain?
 Saty Ki Itani Paribhasha Hai Ki Jo Sada Tha, Jo Sada Hain  Aur Sada Rahega...

आदि शंकराचार्य के अनमोल उपदेश 

 मोह से भरा हुआ इंसान एक सपने कि तरह हैं, 
 यह तब तक ही सच लगता है जब तक आप अज्ञान की नींद में सो रहे  होते है.
  जब नींद खुलती है तो इसकी कोई सत्ता नही रह जाती है..


 Moh Se Bhara Ek Insaan Ek Sapane Ki Tarah Hain,
 Yah Tab Tak Hi Sach Lagata Hain, Jab Tak Aap Agyan Ki  Nind Me So Rahe Hote Hain..
 Jab Nind Khulati Hain To Isaki Koi Satta Nahi rah Jaati....
Adi Shankaracharya Quotes in Hindi

 तीर्थ करने के लिए कहीं जाने की जरूरत नहीं है,
  सबसे अच्छा और बड़ा तीर्थ आपका अपना मन है, 
 जिसे विशेष रूप से शुद्ध किया गया हो...


 Trith Karane Ke Liye Kahi Jaane Ki Jarurat Nahi Hain,
 Sabase Achchha Aur Bada Trith, Aapka Man Hain,
 Jise Vishesh Rup Se Shuddh Kiya Gaya Ho...


गुरु आदि शंकराचार्य के अनमोल वचन 

आनंद तभी मिलता  आनंद कि तालाश नही कर रहे होते है..


 Annad Tabhi Milata Hain,
 Annad Ki Talasha Nahi Kar Rahe Hote Hain..



 आत्मसंयम क्या है ? 
 आंखो को दुनियावी चीज़ों कि ओर आकर्षित न होने देना
 और बाहरी ताकतों को खुद से दूर रखना....


 Atmasanyam Kya Hain?
 Ankhon Ko Duniyavi Chizo Ki Aor Akrshit Naa Hone Dena,
 Aur Bahari Takato Ko Khud Se Dur Rakhana...

आदि शंकराचार्य के अनमोल उपदेश 

 मंदिर वही पहुंचता है जो धन्यवाद देने जाता हैं, 
 मांगने नहीं...


 Mandir Wahi Pahuchata Hain Jo Dhnywaad Dene Jata HAI,
 Mangane Nahi...
Adi Shankaracharya Quotes in Hindi
  
सत्य की राह पर चले...


 Satya Ki Raah Par Chale..

गुरु आदि शंकराचार्य के अनमोल वचन 

 सत्य की कोई भाषा नहीं है.
  भाषा सिर्फ मनुष्य का निर्माण है,
 लेकिन सत्य मनुष्य का निर्माण नहीं, "आविष्कार"  है,
 सत्य को बनाना या प्रमाणित नहिं करना पड़ता, सिर्फ़ उघाड़ना पड़ता है...


 Satya Ki Koi Paribhasha Nahi Hain.
 Bhasha Sirf Manushya Ka Nirman Hain.
 Lekin Satya Manushya Ka Nirman Nahi, "Avishkaar" Hain.
 Satya Ko Banana Ya Pramanit Nahi Karana Padata, Sirf  Ughadana Padata hain..

"आदि शंकराचार्य के अनमोल उपदेश" 

 हर व्यक्ति को यह समझना चाहिए कि आत्मा एक राज़ा की समान होती है,
 जो शरीर, इन्द्रियों, मन, बुद्धि से बिल्कुल अलग होती है.
 आत्मा इन सबका साक्षी स्वरुप है....


 Har Vykti Ko Ye Samjhana Chahiye Ki, Atma Ek Raaja Ke  Samaan Hoti Hai,
 Jo Sharir, Indriya, Mann, Buddhi Se Bilkul Alag Hoti Hain,
 Atma In Sabaka Sakshi Rup Hain......

Adi Shankaracharya Quotes in Hindi

 जब मन में सत्य जानने की जिज्ञासा पैदा हो जाती है,
 तब दुनिया की बाहरी चीज़े अर्थहीन लगती हैं...


 Jab Man Me Saty Janane Ki Jiggayasa Paida Ho Jati Hain,
 Tab Diniya Ki Bahari Chize Arthheen Lagati Hain...

गुरु आदि शंकराचार्य के अनमोल वचन 

 अज्ञान के कारण आत्मा सीमित लगती है,  
 लेकिन जब अज्ञान का अंधेरा मिट जाता है, 
 तब आत्मा के वास्तविक स्वरुप का ज्ञान हो जाता है, 
 जैसे बादलों के हट जाने पर सूर्य दिखाई देने लगता है.....


 Agyan Ke Karan Atma Simit Lagati Hai,
 Lekin Jab Agyan Ka Andhera Mit Jata Hain,
 Tab Atma Ke Vastvik Svrup Ka Gyan Ho Jata Hai.
 Jaise Badal Ke Hat Jaane Par Surya Sikhayi Dene Lagata  HAIN....


 Note: दोस्तों बहुत सावधानी बरतने के बावजूद यदि ऊपर दिए गए किसी भी वाक्य या Quote में आपको कोई त्रुटि मिले तो कृपया हमें क्षमा करें और comments के माध्यम से अवगत कराएं ताकि उन त्रुटियों को सुधार सके हम. आशा हैं की आप हमारा साथ देंगे  धन्यवाद    
  विश्व प्रसिद्द लेखकों और विद्वानों द्वारा लिखे गए और बोले गए अनमोल विचार एवं कथनों को और ज्यादा पढ़ने और जानने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर जाते..
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