45+ लत शायरी 2 लाइन / लत Status




दोस्तों उम्दा शायरी  के इस Post की  Topic "लत Shayari" हैं. इसमें आप पढ़ सकते हैं लत शायरी 2 लाइन, लत शायरी 2 Line, लत शायरी Urdu, त Status,पर बनी बेजोड़ शानदार शायरी को, मित्रो आशा करता हूँ कि यह पोस्ट आप सभी शायरी के चाहने वालो को बेहद पसंद आएगी.


Lat-Shayari-2-Line
Lat Shayari 2 Line


आज की पोस्ट कुछ खास हैं, यह  "लत Shayari" का कलेक्शन उन सभी दोस्तों के लिए हैं जिन्हे किसी ना किसी चीज़ की लत लगी हैं चाहे वो नशे की लत हो, पैसे की लत हो या किसी के प्यार की लत हो,


लोग कहते हैं हर लत से बड़ी दीदार-ए-इश्क़ की लत होती हैं जो कभी छूटनी नहीं और यह रूह तक में जाके बस जाती हैं. आज की पोस्ट आप सभी को हमेशा की तरह की गयी पोस्टो की तरह बेहद ही पसंद आएगी इसे जरूर पढ़े और अपने चाहने वाले दोस्तों को शेयर करे


45+ लत शायरी 2 लाइन  / लत Status



1
अपने होने पर इतना भी ना इतरा 
लत हैं तू, चाहत नहीं।

2
जान से ज्यादा लत संभाले फिरते हैं 
हर जेब में गुटखा  डाले फिरते हैं.

नफ़रत हैं मुझे गन्दगी से 
लोग मुँह में गन्दगी पाले फिरते  हैं.

त Status  

3
तुझे पता हैं ज़िन्दगी 
हश्र ज़िन्दगी का 

फिर भी ना जाने क्यू ?
तुझे जीए जाने की लत हैं.

4
उसने हर नशा सामने लाकर 
रख दिया, और कहा,

सबसे बुरी लत कौन सी है?
मैंने कहा तेरे प्यार की.

5
जिन्दगी लत है
हर लम्हे से बेपनाह मोहब्बत है, 

मुश्किल और सुकून की कशमकश में, 
जिंदगी यूं ही जिये जाता हूँ.

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6
कम्बख्त चाय को मेरी लत लग गयी हैं 
चाहती हैं मेरे होठो से लगाना 

ना जाने कैसा सुख मिलता हैं 
मेरी जीभ जला कर.

7
वो पूछ रहे मुझसे 
मुहब्बत है या जरूरत,

हमने हंस कर 
धीरे से कहा बुरी लत.

त शायरी 2 लाइन  

8
आरजू थी तुम्हारी 
तलब बनने की,

मलाल ये है कि
तुम्हारी लत लग गई

9
लत तुम्हारी लगी थी….
इलज़ाम शराब पर आया.


10
सिर्फ मुझे ही नहीं 
इन चाय की कपो को भी 
लगी हैं लत तेरे होठों की 

11
अजीब लत लगी हैं, 
उसे अकेले जीने की दोस्तों,

जनाजे को भी
जरुरत होती हैं  चार कन्धों की. 

त Shayari

12
लत तेरी ही लगी है, नशा सरेआम होगा,
हर लम्हा जिंदगी का सिर्फ तेरे नाम होगा.

Lat Teri Hi Lagi Hai Nashaa Sar-e-Aam Hoga,
Har Lamha Zindagi Ka Sirf Tere Naam Hoga.

13
मेरी इन पागल आँखों को,
लत लग गयी तुझे देखने की.

14
हां तेरी मुझे लत हैं, 
तभी तो ये हालत हैं.

15
काश तू चरस होती ?
तो मुझे तेरी लत होती .

16
लग गयी हैं लत 
तो सेहत सम्भालिये, 

कहते हैं लोग 
इश्क़ की तासीर बहुत गर्म होती हैं.

17
लत लग गई हमे तो अब 
तेरे दीदार-ए-हुस्न की,

इसका गुन्हेगार किसे कहे 
खुद को या तेरी कातिल अदाओ को?

लत शायरी 2 Line

18
एक सिगरेट सी मिली,
तू मुझे ऐ आशिकी,

कश एक पल का लगाया था,
लत उम्र भर की लगी.

लत शायरी 2 लाइन  

19
आरजू थी तुम्हारी तलब बनने की,
मलाल ये है कि तुम्हारी लत लग गयी.

Aarazoo Thi Tumhaari Talab Banane Ki,
Malaal Ye Hai Ki Tumhaari Lat Lag Gayi.

20
सुनो तुम लत हो मेरी, 
तुम्हे छोड़ना अब मुमकिन नहीं.

21
एक बार इश्क़ चखा था, 
अब तो लत लग  गयी. 

22
लत ऐसी लगी है कि 
तेरा नशा मुझसे छोड़ा नहीं जाता,

हकीम भी कह रहा है कि

 इक बूँद इश्क भी अब जानलेवा है.

23
ना जाने कौन सा नशा हैं 
तेरे होठो में 

जब से चूमा हैं तब से 
लत सी लग गयी हैं. 

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24
इस कदर अपनी नशीली निगाहो से ना देखो 
मुझे इनकी  लत लग जायेगी.

25
मेरी इन आँखों को लत सी लग गयी हैं
बस तुम्हे देखने की बताओ हम क्या करे?

26
यारा लत हो तुम मेरी
तुझे अब छोड़ना मुमकिन नहीं.

27
बड़े ही बेदर्द निकले 
हमारे चाहने वाले,


चाहत के दिए जलाकर
अंधेरों की लत लगा दी.

28
किस्से लिखना 
छोड़ दिया है अब,

इश्क़ ए मर्ज लिखने की 
जब से लत लगी है.

त Status

29
मेरी दो ही लत हैं 
एक तू और दूसरी चाय. 

30
इसे तेरी लत कहु या 
बुरी आदत इश्क़ की? 

जितना छोड़ना चहु तुझे,
उतनी तलब बढती हैं. 

त Shayari

31
अकेले बैठ खाली पन्नो पर तुझे, 
उतारने की अब लत सी लग हैं. 

32
तुम शराब की बात करते हो, 

मुझे तो इश्क़ की लत ले डूबी. 


33
नशा चाय का हो या लत तेरी, 
मज़ा तो दोनों में ही आता हैं. 

34
मुझे मेरी चाय की ही 
लत ठीक थी, 

तेरी लत ने तो मुझे 
बिगाड़ के रख दिया.

त शायरी 2 लाइन  

35
याद तेरी आज भी रोज 
बड़ी शिद्दत से आती है,

ये इक लत है जो 
बदल नहीं पाती है.

36
तलब लगती है तुम्हारी,
मेरी ल़त बन गये हो तुम.




37
इतने नज़दीक न तुम 
आया करो,

मेरी लत किसी किसी 
अफ़ीम से कम नही. 

38
वो पिला कर जाम लबों से, 
अपनी नशीली मुहब्बत की लत लगा दी.

45+ लत शायरी 2 लाइन  / लत Status


39
सुनो गोविंद लत. तेरी "लगी" है
नशा सरे आम होगा,

हर लम्हा मेरे इश्क का
अब तेरे नाम होगा

40
नशा कोई भी हो
जानलेवा ही होता है,

यक़ीनतब हुआ 
जब तेरी लत लगी

41
नशा शराब का होता 
तो उतर गया होता,

लत तो तेरे इश्क़ की लगी है 
जान के साथ जाएगी

42
दोस्तों लत मोहब्बत की 
सबको लगती नहीं,

जिसको लगती है, 
उसमें खुदगर्जी बचती नहीं

43
ये इश्क़, उस बुरी लत की तरह है,
जो सिर्फ लूटती है, पर छूटती नहीं है

शेर-ओ-शायरी के चाहने वाले सभी दोस्तों धन्यवाद करता हूँ आप सभी ने हमेशा की तरह इस "लत Shayariके इस पोस्ट को अपना प्यार दिया और आपने पढ़ा लत शायरी 2 लाइन, लत शायरी Urdu,  लत Statusपर बनी बेजोड़ शानदार शायरी को,

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