90+ Ishq Shayari Urdu - Hindi



90+ Ishq Shayari Urdu



आप सभी को नमस्कार यह पोस्ट Ishq Shayari का दुसरा पार्ट हैं. इसमें आप पढ़ सकते Ishq Shayari Urdu के बेहतरीन कलेक्शन को जो विश्व प्रसिद्ध शायरों ने हैं.


Ishq-Shayari-Urdu


तो आईये लुफ्त उठाते हैं इश्क़ शायरी उर्दू के लाज़वाब कलेक्शन का और पढ़ते हैं इश्क पर बनी हिंदी उर्दू शायरी को जो आप को बेहद  पसंद आएगी। तो इस पोस्ट की शुरुआत  करने  पहले एक मिर्ज़ा ग़ालिब द्वारा लिखी गयी  ज्यादा लोकप्रिय शेर के साथ.  
इश्क़ ने 'ग़ालिब' निकम्मा कर दिया वर्ना हम भी आदमी थे काम के 


1

इश्क़ पर ज़ोर नहीं है 
ये वो आतिश 'ग़ालिब' 
कि लगाए न लगे 
और बुझाए न बने 
..

मिर्ज़ा ग़ालिब
☜☆☞
Ishk Par Jor Nahi Hai 
Ye Wo Aatish Galib
Ki Lagaye Naa Lage
 Aur Bujhaye Na Bane


Ishq Shayari Urdu


2

अब तो है इश्क़-ए-बुताँ में 
ज़िंदगानी का मज़ा
 जब  ख़ुदा का सामना होगा तो
 देखा जाएगा
..

 अकबर इलाहाबादी 
☜☆☞
Ab To Hai Ishk-E-Bunta Me
Zindagani Ka Maza
Jab Khuda Ka Saamana Hoga Yo
Dekha Jaayega

3

गुज़रे है 
आज इश्क के उस मुकाम से, 
नफरत सी हो गयी है मोहब्बत के 
नाम से 

 Ishq-Shayari-Urdu-Hindi
 Ishq Shayari Urdu - Hindi

Guzare Hai
 Aaj Ishk Ke Us Mukaam Se,
Nafarat Si Ho Gayi Hai Mohabbat Ke 
Naam Se.

4

इश्क चख लिया था इत्तफ़ाक से,
 ज़बान पर आज भी दर्द के 
छाले हैं.  
☜☆☞
Ishk Chakh Liya Tha  Itfaak Se
Jabaan Par Aaj Bhi Dard Ke
Chhale Hain

5

तेरी  बेवफाई का सौ बार शुक्रिया,
 मेरी जान छूटी इश्क़-ऐ-बवाल से .
☜☆☞
Teri Bewafayi Ka Sau Baar Shukriya
Meri Jaan Chhuti Ishk-E-Bavaal Se

6

धुआँ धुआँ 
सा लग रहा है शहर में
लगता है किसी का इश्क़ जल रहा है 
ठंड में
☜☆☞
Dhuaa-Dhua 
Sa Lag Raha Hai Shahar Me
Lagata Hai Kisi Ka Ishk jal Raha Hain
Thand Me

7
ना कर तू इतनी कोशिशे,  
मेरे दर्द को समझने की, 
 पहले इश्क़ कर, फिर चोट खा, 
 फिर लिख  दवा मेरे दर्द की. 
☜☆☞
Naa Kar Tu Itani Koshishe
Mere Dard Ko Samjhane Ki
Pahale Ishk Kar Fir Chot Kha
Fir Likh Dawa Mere Dard Ki

8
तेरी ख़ामोशी, 
अगर तेरी मज़बूरी है, तो 
रहने दे इश्क़ कौन सा जरुरी है.
☜☆☞
Teri Khamoshi
Agar Majburi Hai To 
Rahane De Ishk Kaun Sa Jaruri Hai.

9
इश्क़ के चर्चे भले ही सारी 
दुनिया में होते होंगे,
   पर दिल तो ख़ामोशी से ही 
टूटते हैं
☜☆☞
Ishk Ke Charche Bhale Hi Sari
Duniya Me Hote Honge
Par Dil To Khamoshi Se Hi
Tutate Hain

10
आपकी नशीली यादों में डूबकर,
    हमने इश्क की गहराई 
को समझा,
   आप तो दे रहे थे धोखा और,
    हमने जानकर भी कभी आपको 
बेवफा न समझा.
☜☆☞
Aapki Nashili Yaado Me Dubkar
Hamne Ishk Ki Gaharayi
Ko Samjha
Aap To De Rahe The Dhokha Aur
Hamane Jaankar Bhi Aapko
Bewafa Naa Samjha

11
सुनो ना 
हमारे और तुम्हारे इश्क का
चर्चा है अब शहरो में.
कोई सुनता नही 
अब लैला-मजनूँ  की कहानी..
☜☆☞
Suno Naa
Hamare Aur Tumhaare Ishk Kaa
Charcha Hai Ab Shaharo Me
Koi Sunata Nahi
Ab Laila-Majanu Ki Kahaani

 💟 💟 💟 💟 💟 💟
 इन्हे भी पढ़े 
 💟 💟 💟 💟 💟

30+ साथ शायरी -  Sath Shayari


12
आरज़ू, अरमान, 

इश्क़, तमन्ना, वफ़ा, मोहब्बत,
  चीज़ें तो अच्छी है पर दाम बहुत है..
☜☆☞
Aarzoo, Armaan,
Ishk, Tamanna Wafa, Mohabbat
Chiz Achchhi Hai Par Daam Bahut Hai

13
कूचा-ए-इश्क़ में निकल आया 
जिस को ख़ाना-ख़राब होना था 
..

जिगर मुरादाबादी


14
इश्क़ जब तक न कर चुके रुस्वा 
आदमी काम का नहीं होता 

जिगर मुरादाबादी

☜☆☞
Ishk Jab-Tak Na Kar Chuke Ruswa
Aadami Kaam Ka Nahi Hota

15
कोई समझे तो एक बात कहूँ 
इश्क़ तौफ़ीक़ है गुनाह नहीं 

फ़िराक़ गोरखपुरी

☜☆☞
Koi Samjhe To Ek Baat Kahu
Ishk Taufiq Hai Gunaah Nahi

16
खता ए इश्क़ नही देखता 
महबूब पत्थर है या कोहिनूर है.
गर इश्क़-इश्क़ है तो हर हाल में

 मंजूर है
☜☆☞
Khata-E-Ishk Nahi Dekhta
Mahabub Patthar Hai Ya Kohinur Hai
Gar Ishk=Ishk Hai To, Har Haal Me
Manjur Hai

17
वो अच्छे हैं तो बेहतर है 
बुरे हैं तो भी कुबूल,
मिजाज-ए-इश्क में 

ऐब-ओ-हुनर देखे 
नहीं जाते
☜☆☞
Wo Achchhe Hai To Behatar Hai
Bure Hai To Bhi Kabul
Mizaze-E-Ishk Me
EB-o-Hunar Dekhe
Nahi Jaate

18
जिस ख्वाब में 
हो जाए दीदारे नबी हासिल
इश्क़ कभी हमको भी 

वो नींद सुला दे
☜☆☞
Jis Khwaab Me
Ho Jaaye Deedaare Nabi Hasil
E-Ishk Kabhi Hamko Bhi
Wo Neend Sula De

19
फितूर होता है 
हर उम्र में जुदा-जुदा,
खिलौना, इश्क़, पैसा, ख्याति फिर 

खुदा-खुदा.
☜☆☞
Fitur Hota Hia
Har Umr Me Juda-Juda
Khilauna, Ishk, Paisa, Khyati Fir
Khuda-Khuda

20

नजर , नमाज , नजरिया ,
 सब कुछ बदल गया, 
 एक रोज इश्क़ हुआ , और 

 खुदा बदल गया.
☜☆☞
Nazar, Namaz, Nazariya
Sab Kuchh Badal Gaya
Ek Roz Ishk Hua Aur
Khuda Badal GAYA

21
बेहद बेकाबू इश्क मे
 दर्द मिलना लाजमी है गालिब,

 पर दर्द हद से गुजर जाये तो  

 दवा हो जाया करता है. 
☜☆☞
Behad Bekabu Ishk Me
Dard Milana Lazami Hai Galib
Par Har Dard Had Se Guzar Jaaye To
Dawa Ho Jaya Karata Hai

22
तेरे ख़त में इश्क की गवाही 
आज भी है,

 हर्फ़ धुंधले हो गए पर स्याही 

आज भी है.
☜☆☞
Tere Khat Me Ishk Ki Gawahi
Aaj Bhi Hai
Harf Dhundhale Ho Gaye Par Syahi
Aaj Bhi Hai

23
इधर आ रक़ीब मेरे,
 मैं तुझे गले लगा लूँ
 मेरा इश्क़ बे-मज़ा था, 


तेरी  दुश्मनी से पहले.
☜☆☞
Idhar Aa Rakib Mere
Mai Tujhe Gale Laga Lu
Mera Ishk Be-Maza Tha
teri Dushamani Se Pahale

24
नमाज़ में भी 
मेरी इश्क़ बाजियाँ ना गई,
   पढ़ी फिर वहीं आयतें, 


जिसमें,जिक्र-ए-सनम आया.
☜☆☞
Namaaz Me Bhi
Meri Ishk Ki Baziya Na Gayi
Padhi Fir Wahi Aayate
Jisame, Zikr-E-Sanam Aaya

25
 तफ़रीक़ हुस्न-ओ-इश्क़ के 
अंदाज़ में न हो,
 लफ़्ज़ों में फ़र्क़ हो मगर  


आवाज़ में न हो. 
☜☆☞
Tafarik Husn-O-Ishk Ke
Andaaz Me NHo
Lafzo Me Fakr Ho Magar
Aawaz Me Naa Ho

26
इश्क वो खेल नहीं 
जो छोटे दिल वाले खेलें
रूह तक काँप जाती है 

सदमे सहते-सहते.
☜☆☞
Ishk Wo Khel Nahi
Jo Chhote Dil Wale Khele
Ruh Kanp Jaati Hain
Sadame Sahate Sahate

27
मेरे इबादत-ए-इश़्क की
कहानी ना पूछ मुझसे,
हर सांस ने हज़ारों बार
तेरा नाम लिया हैं

☜☆☞
Mere Ibadat-E-Ishq Ki
Kahani Naa Punchh Mujhse
Har Sans Ne Hazaro Baar
Tera Naam Liya

28

इश्क की राहों में 
जिस दिल ने शोर मचा रखा था,

   बेवफाई की गलियों से आज वो 

खामोश निकला.  
☜☆☞
Ishk Ki Raho Me
Jis Dil Ne Shor Macha Rakha Tha
Brwafayi Ki Galiyo Se Aaj Wo
Khamosh Nikala

29
न तस्वीर है 
आपकी जो  दीदार किया जाये,
 न आप पास हो, जो इश्क किया जाये,
ये कैसा दर्द दिया है, न कुछ कहा जाये 

न कुछ सुना जाये. 
☜☆☞
Na Tasveer Hai
Aapki Jo Deedar Ho Kiya Jaaye
Na Aap PaAS Ho, Jo Ishk Kiya Jaaye
Ye Kaisa Dard Diya Hai, Na Kuchh Kaha Jaye
Na Kuchh Suna Jaaye

30
अभी तो राख ही हुए है 
तेरे इश्क में,
मेरे बिखरने का खेल तो 

अभी बाकी है.

Ishq-Shayari-Hindi
Ishq Shayari Hindi

Abhi To Rakh Hi Huye Hai
Tere Ishk Me
Mere Bikharane Ka Khel To 
Abhi Baki Hai

31
बरबाद कर देती है 
मोहब्बत हर मोहब्बत करने वाले को,
क्यू कि इश्क़ हार नही मानता 

और दिल बात नही मानता.
☜☆☞
Barbaad Kar Deti Hai
Mohabbat Har Mohabbat Karane Wale Ko
Kyuki Ishk Haar Nahi Manata
Aur Dil Baat Nahi Manata

32
उस वक़्त तो  
खुदा भी सोच में पड़ गया,
जब मैंने इश्क़ और सुकून दोनों 

साथ में माँग लिया. 
☜☆☞
Us Waqt To
Khuda Bhi Soch me Pad Gaya
Jab Maine Ishk Aur Sukun Dono
Sath Me Mang Liya

33
इश्क़ ने जब माँगा खुदा से 
दर्द का हिसाब,
वो बोले हुस्न वाले ऐसे ही बेवफाई 

किया करते हैं.
☜☆☞
Ishk Ne Jab Manga Khuda Se
Dard Ka Hisab
Wo Bole Husn Wale Ese Hi Bewafayi
Kiya Karate Hai

34
गिरते रहे सजदों में हम 
अपनी ही हसरतों की खातिर
अगर इश्क़-ऐ  खुदा में गिरे होते तो 

कोई हसरत अधूरी ना होती.
☜☆☞
Girate Rahe Sazado Me Ham
Apni Hi Hasarato Ki Khatir
Agar Ishk-E-Khuda Me Gire Hote To
Koi Hasarat Adhuri Na Hoti

35

ख़त्म  हो गयी कहानी 
बस कुछ अलफ़ाज़ बाकी हैं,
एक अधूरे इश्क की एक मुकम्मल सी

 याद बाकी है
☜☆☞
Khatm Ho Gayi Kahani
Bas Kuchh Alfaaz Baki Hai
Ek Adhure Ishk Ki Mikamal Si
Yaad Baki Hai

36
इश्क़ नाज़ुक-मिज़ाज है बेहद 
अक़्ल का बोझ उठा नहीं सकता 
..
अकबर इलाहाबादी



37
वो इस कमाल से खेले थे
 इश्क की बाजी,
मैं अपनी फतह समझता रहा 
मात होने तक
☜☆☞
Wo Is Kamaal Se Khele The
Ishk Ki Baazi
Main Apani Fatah Samjhata Rha
Maat Hone Tak

38
 मत करवाना इश्क़ ए दस्तूर 
हर किसी को ए  खुदा,
हर किसी में जीते जी मरने की 


ताक़त नही होती.
☜☆☞
Mat Karwa Ishk-E-Dastur
Har Kisi Ko E Khuda
Har Kisi Me Jeete Jee Marane Ki
Takat Nahi Hoti

39
इंकार जैसी
 लज्जत इक़रार में कहां.
बढ़ता रहा इश्क ग़ालिब
उसकी नही-नही से
☜☆☞
Jhankaar Jaisi
Lazzat Ikaraar me Kaha
Badhata Raha Ishk "Galib"
Usaki Nahi-Nahi Me

Ishq Shayari Urdu

40
ये  बात किसने उड़ाई की 
मुझे इश्क है तुमसे,
 हाँ, तुमको यकीं आये तो 


अफवाह नही हैं ये. 
☜☆☞
Ye Baat Kisane Udayi Ki
Mujhe Ishk Hai Tumase
Ha, Tumako Yakin Aaye To
Afawah Nahi Hai Ye

41
इश्क़ इनायत है  खुदा की,
तो मैं गुनाहगार कैसे?

☜☆☞
Ishk Inayat Hai Khuda Ki
To Mai Gunahgaar Kaise?

42
पी लेने दो शराब 
इस आशिक को,
लगता हैं ये भी इश्क में 

चोट खाया हुआ है.

90-Ishq-Shayari-Urdu
90+ Ishq Shayari Urdu

Pee Lene Do Sharab
Is Aashik Ko
Lagata Hai Ye Bhi Ishk Me
Chot Khaya Hua Hai

43
जो गुजरे इश्क में 
सावन सुहाने, याद आते हैं
तेरी जुल्फों के मुझको 

शामियाने याद आते हैं.
☜☆☞
Jo Guzare Ishk Me
Saawan Suhaane Yaad Aate Hai
teri Zulfo Ke Mujhko
Shamiyane Yaad Aate Hai

44

खेल और इश्क़ 
दोनों मुख़्तलिफ़ सी बातें हैं,
 एक में तुम माहिर, एक में मैं माहिर.
☜☆☞
Khel Aur Ishk
Dono Mukhtaklif Si Baate Hai
Ek Me Tum Mahir, Ek Me Mai Mahir

45
इश्क महसूस करना भी
 इबादत से कम नहीं,
 ज़रा बताइये छू कर'  खुदा को 
किसने देखा है?
☜☆☞
Ishk Mahsus Karana Bhi
Ibadat Se Kam Nahi
Jara Batayiye Chhu Kar Khuda Ko 
Kisane Dekha Hai?

46
किस  खत में रखकर भेजूं 
अपने इन्तजार को
 बेजुबां हैं इश्क़ ढूँढता हैं 
खामोशी से तुझे.
☜☆☞
Kis Khat Me Rakhkar Bheju?
Apane Intzaar Ko
Bejuban Hai ishk Dhundhata Hai
Khamoshi Se Tujhe

47
मुक्कमल इश्क की 
तलबगार नहीं हैं आँखें.
   थोड़ा-थोडा ही सही, 
रोज़ तेरे दीदार की चाहत है
☜☆☞
Mukkamal Ishk Ki
Talbdaar Nahi Hai Ankhe
Thoda-Thoda Hi Sahi
Roz Tere Deedaar Ki Chahat Hai

48
चलते तो हैं 
वो साथ मेरे, पर अंदाज देखिए,
जैसे की इश्क करके वो 
एहसान कर रहें है
☜☆☞
Chalate To Hai
Wo Mre Sath, Par Andaaz Dekhiye
Jaise Ki Ishk Karake Wo
Ehasaan Kar rahe Hai

49
मत कर यूं बेपनाह इश्क, 
ऐ नादां दिल उनसे,
बहुत जख़्म लगते हैं, 
जब उँचाई से 
गिरते हैं
☜☆☞
Mat Kar Tu Bepnah Ishk
E Nadan Dil Unase
Bahut Zakhm Lagate Hai
Jab Unchayi Se 
Girate Hai

50
गमगीन से 
गमहीन होना चाहता हूँ
अब मैं खुद से इश्क़ करना चाहता हूँ 
☜☆☞
Gamgeen Se
Gamheen Hona Chahata Hun
Ab Main Khud Se Ishk Karana Chahata Hun

51
इश्क़ से क़ातिल 
कोई नशा नहीं जनाब,
घूँट-घूँट पीते है और 
कतरा कतरा मरते है 
☜☆☞
Ishk Se Qatil
Koi Nasha Nahi Janab
Ghut-Ghut Peete Hai Aur
Kataraa-Kataraa Marate Hai

 💟 💟 💟 💟 💟 💟
 इन्हे भी पढ़े 
 💟 💟 💟 💟 💟

चाय शायरी / Tea Status Hindi

5+ खुशबू Shayari  - Khushboo Shayari


52
शायरी उसी के लबों पर 
सजती है साहिब
जिसकी आँखों में 
इश्क़ रोता हो
☜☆☞
Shayari Usi Ke Labo Par
Sajati Hai Sahib
Jisaki Ankho Me
Ishk Rota Hai

53
घुटन सी होने लगी है, 
इश्क़ जताते हुए,

मैं खुद से रूठ जाता हूँ, 

तुम्हे मनाते हुए

2019 Ishq Shayari
2019 Ishq Shayari 

Ghutan Si Hone Lagi Hai
Ishk Jatate Huye
Main Khud Se Ruth Jata Hun
Tumhe Mante Huye

54
देखते हैं 
अब क्या मुकाम आता है साहब,
सूखे पत्ते को इश्क हुआ है 
बहती हवा से
☜☆☞
Dekhate Hai
Ab Kya Mukaam Aata Hai Sahab
Sukhe Patte Ko Ishk Hua Hai 
Bahati Hawa Se

55
हुस्न वाले 
वफ़ा नहीं करते,
इश्क वाले दगा नहीं करते,
जुल्म करना तो इनकी आदत है,
ये किसी का भला नहीं करते 
☜☆☞
Husn Wale
Wafa Nahi Karate
Ishk Wale Daga NAHI karate
Zulm Karana To Inaki Aadat Hai
Ye Kisi Ka Bhala Nahi Karate

56
इश्क को भी इश्क हो तो
फिर मैं देखूं इश्क को भी,
कैसे तड़पे कैसे रोये,
इश्क अपने इश्क में

☜☆☞
Ishk Ko Bhi Ishk Ho To
Fir Main Dekhu Ishk Ko Bhi
Kaise Tadape Kaise Roye
Ishk Apane Ishk Me

57
बढती उमर का इश्क 
और ढलती उमर की ख्वाहिश
खूबसुरत जिस्म नही,
खूबसुरत साथ ढूंढता है
☜☆☞
Badhati Umr Ka Ishk
Aur Dhalati Umr Ki Khwahishe
Khubsurat Zism Nahi
Khubsurat Sath Dhundhata Hai

58

खता-मत-गिन 
इश्क़ में
किसने क्या गुनाह किया
इश्क़ इक नशा था जो 
तूने भी किया और मैंने भी किया
☜☆☞
Khata Mat Gin
Ishk Me
Kisane Kya Gunaah Kiya
Ishk Ek Nasha Tha Jo
Tune Bhi Kiya Maine Bhi Kiya

Ishq Shayari Urdu

59
मत ज़िक्र करो 
अपने अदा के बारे मे, 
हम भी बहुत  जानते हैं 
वफ़ा के बारे मे,
हमने सुना हैं 
उन्हे भी इश्क़ का नशा छाया हैं  
जो नही जानते कुछ भी 
वफ़ा के बारे मे.
☜☆☞
Mat Zikr Karo
Apane Adaa Ke Baare Me
Ham Bhi Bahut Jaanate Hai 
Wafa Ke Baare Me
Hamane Suna Hai 
Unhe Bhi Ishk Ka Nasha Chhaya Hai
Jo Nahi Janate Kuchh Bhi 
Wafa Ke Baare Me

60
इश्क मुहब्बत तो सब करते हैं,
 गम-ऐ-जुदाई से सब डरते हैं,
हम तो न इश्क करते हैं न मुहब्बत,
 हम तो बस आपकी एक मुस्कुराहट 
पाने के लिए तरसते हैं ❗



☜☆☞
Ishk Mohabbat To Sab Karate Hai
Gam-E-Judayi Se Sab Darate Hai
Ham To Na Ishk Karate Hain Naa Mohabbat
Ham To Bas Aapki Ek Muskurahat 
Paane Ko Tarsate Hai

61
हर धड़कन में 
एक राज़ होता है,
 हर बात कहने का एक अंदाज़ होता है.
 जब तक ठोकर न लगे इश्क़ में,


 हर किसी को अपने महबूब पे 
नाज़ होता है.
☜☆☞
Har Dhadakan Me
Ek Raaz Hota Hai
Har Baat Kahane Ka Ek Andaaz Hota Hai
Jab Tak Thokar Naa Lage Ishk Me
Har Kisi Ko Apane Mahbub Pe 
Naaz Hota Hai

62
इश्क ज़िस्मानी खेल बन के 
रह गया,
 पनघट किनारे इंतजार करने के 
ज़माने चले गये.
☜☆☞
Ishk Zismaani Khel Ban Ke
Rah Gaya
Panghat Kinaare Intzaar Karane Ke
Zamaane Chale Gaye
62
किसे मालूम था 
इश्क़ इस कदर लाचार करता है,
दिल उसे जानता है बेवफा है,  
मगर प्यार करता है.
☜☆☞
Kise Malum Tha
Ishk Is Kadar Laachaar Karta Hai
Dil Janata Hai Bewafa Hai
Magar Use Hi Pyaar Karata Hai.

63


पहले इश्क 
फिर धोखा फिर बेवफ़ाई,
बड़ी तरकीब से एक शख्स ने 
तबाह किया. 


Ishq-Sad-Shayari
Ishq Sad Shayari 

Pahale Ishk 
Fir Dhokha Fir Bewafayi
Badi Tarkib Se Ek Shkhs Ne 
Tabaah Kiya

64
इश्क से बचिए जनाब,
सुना है धीमी मौत है ये.


☜☆☞
Ishk Se Bachiye Janaab
Suna Hai Dheemi Maut Hai Ye

65
न मौत आती है 
न कोई दवा लगती है,
न जाने उसने 
इश्क में कौन सा जहर 
मिलाया था.
☜☆☞
Naa Maut Aati Hai
Na Koi Dawa Lagati Hai
Naa Jaane Usane
Ishk Me Kaun Sa Zahar 
Milaya Tha?

66
ले रहे थे मोहब्बत के बाजार मे 
इश्क की चादर,
 पीछे से आवाज आयी कफन भी ले लो 
जरूरत पड़ेगी..
☜☆☞
Le Rahe The Mohbbat Ke Bazar Me 
Ishk Ki Chadar
 Piche Se Awaj Aayi Kafan Bhi Le Lo
Jarurat Padegi.



67
कल लगी थी 
शहर में बद्दुआओं की महफ़िल
मेरी बारी आई तो मैंने कहा
इसे भी इश्क़ हो इसे भी इश्क़ 
इसे भी इश्क़ हो.
☜☆☞
Kal Lagi Thi 
Shahar Me Badduaaon Ki Mahafil,
Meri Baari Aayi To Maine Kaha.
Ise Bhi Ishk Ho, Ise Bhi Ishk Ho, 
Ise Bhi Ishk Ho.

68
अजब जज्बा है इश्क़ करने का 
 उम्र जीने की है और 
शौक मरने का.
☜☆☞
Ajab Jajba Hain Hai Ishk Karane Ka,
Umr Jeene Ki Hai Aur 
Shauk Marane Ka.

69
आज तो बे-सबब उदास है जी
 इश्क़ होता तो कोई  बात भी थी
☜☆☞
Aaj To Be-Sabab Udaas Hai Jee
Ishk Hota To Koi Baat Bhi Thi

70
जाने कब उतरेगा कर्ज उसकी 
मोहब्बत का
हर रोज आँसुओं से इश्क की 
किस्ते  भरता हूँ
☜☆☞
Naa Jane Kab Utarega Karz Usaki 
Mohabbat Ka,
Har Roz Anshuon Se Ishk Ki
Kiste Bharata Hu.

71
अपने जख्मों की 
नुमाइश करना एक इक अदा है 
 दुनियां को पता तो चले,
 यह मशहूर इश्क आखिर क्या बला है.
☜☆☞
Apane Zakhmo Ki 
Numaish Karana Ek Aada Hain,
 Duniya Ko Pata To Chale,
Yah Mashhur Ishk Kya Bala Hain.


72
अगर इश्क़ हुआ दोबारा
तो भी तुझसे ही 
होगा,
  मेरे नादान दिल को तुझ पर इतना 
भरोसा है.. 

ishk-shayari
Ishq Shayari

Agar Ishk Hua Dobara, 
To Bhi Tujhase Hi 
Hoga,
 Mere Nadan Dil Ko Tujh Par Itana
Bharosha  Hain.

Ishq Shayari Urdu


73
अदायें सीख लीं 
तुमनें,नज़र से क़त्ल करने की,
मगर तालीम न सीखी, किसी से 
इश्क़ करने की.
☜☆☞
Adaaye Sikh Li 
Tumane Nazar Se Qatl Karane Ki,
Magar Talim Naa Sikhi, Kisi Se 

Ishk Karane Ki.

74
ऐ 'ख़ुदा' 
तू कभी इश्क न करना 
बेमौत मारा जायेगा,
हम तो मर के भी तेरे पास आते है 
पर तू कहा जायेगा?
☜☆☞
Ye Khuda 
Tu Kabhi Ishk Na Karana,
Bemaut Maara Jayega,

Ham To Mar Ke Tere Paas Aate Hai 
Par Tu Kaha Jayega?

75
मत पूछो यारो 
ये इश्क कैसा होता है,
बस जो रुलाता है ना 
उसे ही गले लगाकर रोने को 
जी चाहता है.
☜☆☞
Mat Punchho Yaaro 
Ye Ishk Kaisa Hota Hai,
Bas Jo Rulata Hai Naa
 Use Hi Gale Lagakar Rone Ko
 Ji Chahata Hai.

76
बड़ी काम आई लगन इश्क़ में,
मैं गिर-गिर के ख़ुद हि 
संभलता रहा.

☜☆☞
Badi Kaam Aayi Lagan Ishk Me,

Main Geer-Geer Ke Khud Hi 
Sambhalata Raha.

77
इश्क़-ऐ-बेवफ़ाई ने डाल दी है 
आदत बुरी,
मैं भी शरीफ हुआ करता था 
इस ज़माने में,
पहले दिन शुरू करता था मस्जिद में 
नमाज़ से,
अब ढलती है शाम शराब के साथ 
मैखाने में..
☜☆☞
Ishk-E-Bewafayi Ne Daal  Di Hai 
Aadat Buri,
Main Bhi Sharif Hua Karata Tha, Is 
Zamane Me.
Pahale Din Shuru Karata Tha Masjid Me 
Namaz Se,
Ab Dhalati Hai Sham Sharab Ke Sath 
Maikhane Me..

78
 तेरे इश्क़ का सुरूर था. 
जो खुद को बर्बाद कर लिया,
 वर्ना. दुनियाँ मेरी भी दीवानी थी.
☜☆☞
Tere Ishk Ka Surur Tha 
Jo Khud Ko Barbad Kar Liya.
Vrna. Duniya Mere Bhi Divani Thi

79
जाम तो 
यू ही बदनाम है 
यारों कभी इश्क करके देखो,
या तो पीना भूल जाओगे 
या  फिर पी-पी के जीना 
भूल जाओगे.
☜☆☞
Jaam To
Yu Hi Badanaam Hai Yaaro
Kabhi Ishk Karke Dekho?
Ya To Peena Bhul Jaoge
Ya To Pee-Pee Ke Jeena 
Bhul Jaaoge

80
अभी तो इश्क़ हुआ है,
मंज़िल तो मयखाने में मिलेगी.
☜☆☞
Abhi To Ishk Hua Hai
Manzil To Maykhane Me Milegi

81

ये इश्क भी नशा-ए-शराब 
जैसा है, यारो
करें तो मर जाएँ और छोड़े तो 
किधर जाएँ
☜☆☞
Ye Ishk Bhi Nasha-E-Sharaab 
Jaisa Hain Yaaro
Kare To Mar Jaaye Aur Chhode To 
Kidhar Jaaye?

82


कितना भी कर ले, चाँद से इश्क़,
 रात के मुक़द्दर मे, अँधियारे ही 
लिखे हैं
☜☆☞
Kitana Bhi Kar Le, Chand Se Ishk,
 Raat Ke Mukaddar Me, Andhiyaren Hi 
Likhe Hain

83

ये इश्क़ बनाने वाले की मैं 
तारीफ करता हूं,

मौत भी हो जाती है और कातिल भी 
पकड़ा नही जाता.
☜☆☞
Ye Ishk Banaane Walo Ki Mai
Taarif Karta Hun
Maut Bhi Ho Jati Hai Aur Qatil Bhi
Pakada Nahi Jata

84
 ये रात ये तनहाई और 
ये तेरी याद

   मैं इश्क न करता तो 
कब का सो गया होता
☜☆☞
Ye Raat Ye Tanhaayi Aur
Ye Teri Yaade
Main Ishk Na Karata To 
Kab Ka So Gaya Hota Hota

85
उस से कह दो के, 
मेरी सजा कुछ कम कर दे,
हम पेसे से मुजरिम नहीं हैं, 
बस गलती से इश्क हुआ है
☜☆☞
Us Se Kah Do Ke
Meri Saza Kuchh Kam Kar De
Ham Peshe Se Muzrim Nahi Hai
Bas Galati Se Ishk Hua Hai

💟 💟 💟 💟 💟 💟
 इन्हे भी पढ़े 
 💟 💟 💟 💟 💟

55+ Neend Shayari - Neend Poetry


86
कल क्या 
खूब इश्क़ से मैने बदला लिया,
कागज़ पर लिखा इश्क़ और 
उसे ज़ला दिया।
☜☆☞
Kal Kya
Khub Ishk Se Maine Badala Liya
Kagaz Par Likha Ishk Aur
Use Jala Diya

87
इश्क़ है इश्क़ ये मज़ाक़ नहीं,
चंद लम्हों में फ़ैसला न करो
☜☆☞
Ishk Hain Ishk Ye Mazaak Nahi
Chand Lamho Me Faisala Na Kijiye  


88
चलते थे इस जहाँ में कभी.
सीना तान के हम,
ये कम्बख्त 
इश्क़ क्या हुआ घुटनो पे 
आ गए हम

☜☆☞
Chalate The Janha Me Kabhi
Seena-Taan Ke Ham
Ye Kambkhat
Ishk Hua Ghutano Pe 
Aa Gaye Ham

89
जिंदा है तो बस 
तेरी इश्क की रहमत पर,
हम मर गये तो समझना 
तेरा प्यार कम पड गया.
☜☆☞
Zinda Hai To Bas 
Teri Ishk Ki Rahamat Par,
Ham Mar Gaye To Samjhana 
Tera Pyaar Kam Pad Gaya.

90
फासले ही अच्छे है इश्क में यारों,
ज्यादा करीब रहने से मोहब्बत,
पाक नही रहती
☜☆☞
Fasale Hi Achchhe Hain Ishk Me Yaaro,
Jyaada Kareeb Rahane Se Mohabbat,
Paak Nahi Rahati.

91
इश्क में 
सिर्फ दिल नहीं आता
अक्ल भी आती है बस ज़रा देर से
☜☆☞
Ishk Me
Sirf Dil Nahi Aata
Akl Bhi Aati Hai Bas Jara Der Se



 नोट  
दोस्तों अगर आप ने वाह हिंदी ब्लॉग  द्वारा  की गयी प्यार भरी पोस्ट इश्क StatUs-Ishq ShayAri को नहीं पढ़ा हैं तो इसे  जरूर से पढ़े. 




दोस्तों आशा करता हूँ की आप सभी को  Ishq Shayari Urdu, ishq shayari Ghalib विशाल संग्रह अवश्य पसंद आया होगा। 


No comments